
Raksha Bandhan updates: हर साल की तरह इस साल भी रक्षाबंधन को लेकर लोगो को बहुत सी बाते कन्फ्यूज कर रही है। आइए जानते है इस रक्षाबंधन में भद्रा का साया है या नही। और जाने रक्षाबंधन की सही तिथि।
रक्षाबंधन 2025: हमारे देश में रक्षाबंधन काफी धूम धाम से मनाया जाता है , भाई बहनों का यह पर्व प्यार और विश्वास से बना बहुत बड़ा दिन होता है। हिंदू पंचांग के अनुसार, हर साल श्रावण मास की पूर्णिमा तिथि को राखी का पर्व मनाया जाता है। इस दिन बहने अपनी भाईयों की कलाई में राखिया बांधती है और लंबी उम्र तथा अच्छे भविष्य के लिए कामना करती है। साथ ही भाई भी अपनी बहन को हमेशा उसका साथ देने और रक्षा करने का वचन देता है। हर साल राखी का त्यौहार बड़ी धूमधाम से मनाया जाता है लेकिन वही भद्रा का भी ध्यान रखा जाता हैं। आइए जानते है इस रक्षाबंधन भद्रा का साया है या नही। और राखी बांधने का मुहूर्त कब है।
क्या इस रक्षाबंधन होगा भद्रा का साया?
ज्योतिसो से पता चलता है की, हिंदू पंचांग के अनुसार इस साल रक्षाबंधन से पहले ही भद्रा का साया हट जायेगा। ऐसे में आप बिना किसी टेंशन से राखी बांध सकते है। तथा इस रक्षाबंधन में किसी भी समय आप राखी बांध सकते है। हिंदु पंचांग के अनुसार 8 अगस्त को दोपहर 2 बजे से आरंभ होकर 9 अगस्त को तड़के 1 बजकर 52 मिनट तक रहेगी।
राखी बांधने का सही मुहूर्त क्या है:

हिंदू पंचांग के अनुसार, रक्षाबंधन का शुभ मुहूर्त 9 अगस्त 2025 को कुल 7 घंटे 49 मिनट तक मिलेगा। इस दिन राखी बांधने का शुभ मुहूर्त सुबह 5 बजकर 35 मिनट से लेकर दोपहर 1 बजकर 25 मिनट तक रहेगा।इस बीच आप अपने भाईयो को राखी बांध सकते है।
जानें भद्रा काल में राखी क्यों नही बांधते!
शास्त्रों में भद्रा काल को अशुभ माना जाता है। इस काल में किसी भी शुभ कार्य को या किसी भी त्यौहार को मानने में माना किया जाता है। यह सदियों से चला आ रहा है। दरअसल भद्रा शनिदेव की बहन है इनका भी स्वभाव बिलकुल अपने भाई शनिदेव की तरह है। भद्रा को उग्र स्वभाव की देवी कहा जाता है। जब भद्रा ने जन्म के समय यज्ञ और पुण्य कार्य में विध्न डाला तो इसी कारण ब्रम्हा जी ने पंचांग में विष्टि करण यानी भद्रा काल का उल्लेख किया। इस अवधि में किसी भी प्रकार का शुभ कार्य ना किया जाए जिससे किसी भी प्रकार की बाधा न आए। ऐसे में भद्रा काल में राखी बांधने से भाई बहनों में अनबन और मनमुटाव तथा विध्न के साथ साथ सफलता में रूकावटे आती है।